शनिवार, दिसंबर 11, 2021

💢 मानवाधिकार की अलख जगाएं 💢

जन-जन को हम जागरूक बनाएं,

मानवाधिकार की अलख जगाएं।

विश्व मानवाधिकार दिवस पर,

हम सब लोगों को सजग बनाएं।


ना है कोई छोटा बड़ा ना कोई,

सब मानव तो हैं एक समान।

आदर करें हम एक दूजे का,

और सब का परस्पर करें सम्मान।


हमें ईश्वर ने‌ है ‌मनुज बनाया,

कितना अमूल्य है यह उपहार।

और उस पर भी यह तो सोचो,

दिए हमको कितने ही अधिकार।


जाति, धर्म, रंग भाषा और नस्लें,

यह सब तो हैं रीती-थोथी बातें।

सभी एक हैं सभी हैं बराबर,

सब करें समान अधिकार की बातें।


हम सबके ही अधिकार बराबर,

हम‌ सब ही मनु के अंशज हैं।

हम सबमें है अंश ‌ईश का,

हम सब उजियारे के वंशज हैं।


आओ हम सब शपथ यह‌ ले लें,

मानवाधिकारों के प्रति सजग हों।

अपने कर्तव्यों को भी पहचानें,

मानवता से कभी नहीं विलग हों।


       ✍️ मुक्ता शर्मा ( मेरठ, उत्तर प्रदेश )



1 टिप्पणी:

💠 हमारी राष्ट्रभाषा हिन्दी 💠

    चाहे हों हम हिंदू, मुस्लिम, सिख या ईसाई। भारत माता की संतानें, हम सब हैं भाई-भाई।  एक हमारी रगों में बहता खून, और एक हैं हमारे रंग रूप। ...